Wednesday, October 21, 2026
No menu items!

वायरल वीडियो का सच: क्या ऐप से रोड पर दौड़ता ई-रिक्शा किया जा सकता है लॉक? जानिए क्या कहते हैं एक्सपर्ट

Must Read

नई दिल्ली: पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि सड़क पर चल रहे ई-रिक्शा को एक मोबाइल ऐप के जरिए दूर से ही लॉक या बंद किया जा सकता है। इस वीडियो ने ई-रिक्शा चालकों और आम लोगों के बीच चिंता बढ़ा दी है। हालांकि, विशेषज्ञों और ग्राउंड रिपोर्ट के मुताबिक यह दावा सभी ई-रिक्शाओं पर लागू नहीं होता।

दरअसल, वायरल वीडियो में एक मोबाइल ऐप (BAT/BMS) के जरिए ई-रिक्शा की बैटरी को नियंत्रित करने की बात कही गई है। इस दावे की सच्चाई जानने के लिए एनबीटी की टीम ने संबंधित ऐप डाउनलोड कर इसकी कार्यप्रणाली की जांच की। जांच के दौरान ऐप पर कुछ ब्लूटूथ डिवाइस दिखाई दिए, लेकिन उनसे कनेक्ट होने के बाद भी बैटरी को बंद या ई-रिक्शा को लॉक करने का कोई विकल्प उपलब्ध नहीं मिला।

साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ शौर्य कौशिक के अनुसार, वायरल वीडियो में किया गया दावा सीमित परिस्थितियों में सही हो सकता है। उन्होंने बताया कि भारत में कुछ लिथियम-आयन बैटरी वाले ई-रिक्शा ऐसे बैटरी मैनेजमेंट सिस्टम (BMS) का उपयोग करते हैं, जिनमें ब्लूटूथ कनेक्टिविटी दी जाती है। ऐसे सिस्टम अपने-अपने विशेष मोबाइल ऐप के माध्यम से बैटरी की स्थिति, चार्जिंग और अन्य तकनीकी जानकारियां उपलब्ध कराते हैं। यदि किसी सिस्टम में सुरक्षा संबंधी खामियां हों, तो उसका दुरुपयोग संभव हो सकता है।

द्वारका स्थित ई-रिक्शा डीलर सुमित अग्रवाल ने बताया कि BAT/BMS जैसे ऐप केवल उन्हीं बैटरियों के साथ काम करते हैं, जिनमें संबंधित बैटरी मैनेजमेंट सिस्टम और ब्लूटूथ मॉड्यूल पहले से मौजूद होता है। उन्होंने कहा कि हर ई-रिक्शा इस तकनीक से लैस नहीं होता, इसलिए यह कहना कि किसी भी ई-रिक्शा को मोबाइल ऐप से चलते-चलते बंद किया जा सकता है, पूरी तरह सही नहीं है।

विशेषज्ञों का कहना है कि स्मार्ट बैटरी तकनीक के बढ़ते इस्तेमाल के साथ कंपनियों को अपने बैटरी मैनेजमेंट सिस्टम की साइबर सुरक्षा मजबूत करनी होगी, ताकि किसी भी तरह की तकनीकी कमजोरी का गलत फायदा न उठाया जा सके। फिलहाल उपलब्ध तथ्यों के आधार पर यह स्पष्ट है कि वायरल वीडियो में किया गया दावा सभी ई-रिक्शाओं पर लागू नहीं होता और इसे लेकर लोगों को भ्रमित होने की जरूरत नहीं है।

Latest News

कुरूद विधानसभा में कांग्रेस की सियासी हलचल तेज, देवव्रत साहू ने प्रदेश प्रभारी सुखदेव भगत से की मुलाकात

कुरूद। छत्तीसगढ़ की कुरूद विधानसभा सीट पर आगामी चुनाव को लेकर अभी से राजनीतिक सरगर्मियां तेज होने लगी हैं।...

More Articles Like This