नई दिल्ली, 3 सितंबर 2026। दिवंगत बॉलीवुड अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की पूर्व मैनेजर दिशा सालियान की मौत के मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट ने बड़ा आदेश दिया है। अदालत ने मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से कराने का निर्देश दिया है। साथ ही कोर्ट ने दिशा के पिता सतीश सालियान का बयान दर्ज करने को भी कहा है।
दिशा सालियान के पिता ने मामले में नए सिरे से FIR दर्ज करने और CBI जांच की मांग को लेकर हाईकोर्ट का रुख किया था। उनका आरोप है कि उनकी बेटी की सामान्य परिस्थितियों में मौत नहीं हुई, बल्कि उसके साथ गैंगरेप के बाद हत्या की गई। हालांकि, ये आरोप याचिकाकर्ता के दावे हैं और इनकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
पिता ने की थी दोबारा FIR दर्ज करने की मांग
सतीश सालियान ने अपनी याचिका के जरिए दिशा की मौत के मामले में नए सिरे से FIR दर्ज करने और जांच CBI को सौंपने की मांग की थी। उन्होंने कुछ लोगों के खिलाफ भी FIR दर्ज करने की मांग की थी।
सतीश सालियान की ओर से उनके वकील नीलेश ओझा ने पिछले वर्ष मार्च में मुंबई पुलिस आयुक्त कार्यालय में एक लिखित शिकायत भी दी थी। शिकायत में शिवसेना (UBT) विधायक आदित्य ठाकरे समेत कई लोगों के नाम दर्ज कर जांच की मांग की गई थी।
शिकायत में कई लोगों के नाम का जिक्र
सतीश सालियान की शिकायत में आदित्य ठाकरे के अलावा अभिनेता डीनो मोरिया, सूरज पंचोली, अभिनेत्री रिया चक्रवर्ती, पूर्व पुलिस अधिकारी परमबीर सिंह और सचिन वाझे समेत अन्य लोगों के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग किए जाने की बात सामने आई थी।
शिकायत और सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से कई गंभीर आरोप लगाए गए। हालांकि, इन आरोपों को अभी सिद्ध तथ्य नहीं माना जा सकता। अब CBI जांच में उपलब्ध दस्तावेजों, गवाहों के बयान और अन्य साक्ष्यों की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
वकील ने लगाए थे गंभीर आरोप
दिशा के पिता के वकील नीलेश ओझा की ओर से भी मामले में गंभीर आरोप लगाए गए थे। उन्होंने कुछ दस्तावेजों और जांच से जुड़े रिकॉर्ड का हवाला देते हुए कई लोगों की भूमिका की जांच किए जाने की मांग की थी।
वकील की ओर से पूर्व पुलिस अधिकारी परमबीर सिंह पर भी मामले को दबाने का आरोप लगाया गया था। हालांकि, इन आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच एजेंसी की जांच और अदालत में सामने आने वाले साक्ष्यों के आधार पर ही निकल सकेगा।
2020 में हुई थी दिशा सालियान की मौत
दिशा सालियान की मौत 8 जून 2020 को मुंबई के मलाड इलाके में एक इमारत की 14वीं मंजिल से गिरने के बाद हुई थी। उस समय दिशा की उम्र 28 वर्ष थी और वह मनोरंजन जगत में टैलेंट मैनेजर के तौर पर काम करती थीं।
दिशा की मौत के करीब छह दिन बाद, 14 जून 2020 को सुशांत सिंह राजपूत भी मुंबई के बांद्रा स्थित अपने आवास पर मृत पाए गए थे। दिशा के सुशांत की मैनेजर रह चुकी होने के कारण दोनों घटनाओं को लेकर लंबे समय से सार्वजनिक और राजनीतिक स्तर पर चर्चा होती रही है।
पुलिस ने आत्महत्या के एंगल से की थी जांच
दिशा की मौत के बाद मुंबई पुलिस ने मामले की जांच की थी और इसे आत्महत्या के तौर पर देखा गया था। पुलिस की ओर से पहले भी कहा गया था कि जांच के दौरान किसी आपराधिक साजिश के ठोस सबूत नहीं मिले।
हालांकि, दिशा के पिता इस निष्कर्ष से संतुष्ट नहीं थे। उन्होंने मामले में दुष्कर्म और हत्या का आरोप लगाते हुए नए सिरे से जांच की मांग की।
अब CBI जांच पर टिकी नजरें
बॉम्बे हाईकोर्ट के ताजा आदेश के बाद अब दिशा सालियान मौत मामले की जांच CBI करेगी। एजेंसी मामले से जुड़े पुराने रिकॉर्ड, पुलिस जांच, उपलब्ध साक्ष्य और अन्य पहलुओं की नए सिरे से पड़ताल कर सकती है।
कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया है कि जांच के दौरान किसी व्यक्ति के खिलाफ ठोस सबूत मिलने पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। ऐसे में अब सबसे अहम सवाल यही है कि CBI की जांच में दिशा सालियान की मौत को लेकर क्या नए तथ्य सामने आते हैं और क्या पहले की जांच से अलग कोई महत्वपूर्ण साक्ष्य मिलता है।
फिलहाल हाईकोर्ट के आदेश के बाद करीब छह साल पुराने इस मामले में जांच का नया अध्याय शुरू हो गया है। दिशा सालियान के परिवार के साथ-साथ सुशांत सिंह राजपूत से जुड़े मामले में भी इस जांच के नतीजों पर लोगों की नजर रहेगी।

