नई दिल्ली:
भारत ने पाकिस्तान के कब्ज़े वाले कश्मीर (PoK) में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे आम नागरिकों पर पाकिस्तानी बलों की जानलेवा और क्रूर कार्रवाई की कड़े शब्दों में निंदा की है। भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) ने पाकिस्तान सरकार पर आरोप लगाया है कि वह अपने अधिकारों की मांग कर रहे निहत्थे नागरिकों के खिलाफ “बेरहम बल” (Ruthless Force) का इस्तेमाल कर रही है।
विदेश मंत्रालय के साप्ताहिक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने PoK के बिगड़ते हालात और वहां की जनता पर हो रहे अत्याचारों को लेकर पाकिस्तानी प्रशासन को जमकर घेरा।
’40 से अधिक बेगुनाहों की मौत, दर्जनों गंभीर रूप से घायल’
प्रेस ब्रीफिंग में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा:
“पाकिस्तानी सुरक्षा बलों की इस हिंसक कार्रवाई में 40 से ज़्यादा बेगुनाह लोगों की दुखद मौत हुई है और कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं। पाकिस्तान के कब्ज़े वाले जम्मू-कश्मीर के आम नागरिकों के प्रति वहां के प्रशासन की पूरी बेरुखी और असंवेदनशीलता तब साफ़ ज़ाहिर हो गई, जब उनके अपने ही रक्षा मंत्री ने विरोध प्रदर्शन कर रहे नागरिकों को ‘दुश्मन’ करार दे दिया।”
- ‘बेरहम’ बल का प्रयोग: PoK में अपनी जायज मांगों (बढ़ती महंगाई, बिजली और बुनियादी अधिकारों) को लेकर सड़कों पर उतरे प्रदर्शनकारियों पर पुलिस और सुरक्षा बलों ने भारी बल प्रयोग किया है।
- पाकिस्तानी रक्षा मंत्री के बयान पर ऐतराज: अपने ही नागरिकों को ‘दुश्मन’ बताने वाले पाकिस्तानी रक्षा मंत्री के बयान को भारत ने वहां के प्रशासन की संवेदनहीनता का सबसे बड़ा प्रमाण बताया।

