नई दिल्ली: NEET परीक्षा में कथित पेपर लीक और अनियमितताओं को लेकर जारी विवाद के बीच केंद्र सरकार ने शिक्षा मंत्रालय में बड़ा बदलाव किया है। धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा स्वीकार होने के बाद प्रह्लाद जोशी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के रूप में कार्यभार संभाल लिया। इस बदलाव को शिक्षा व्यवस्था में सुधार की दिशा में सरकार के अहम कदम के रूप में देखा जा रहा है।
कार्यभार संभालने के बाद प्रह्लाद जोशी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे। उन्होंने भरोसा दिलाया कि शिक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, मजबूत और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप बनाने के लिए तेजी से काम किया जाएगा।
जोशी ने कहा कि फिलहाल वे मंत्रालय के अधिकारियों के साथ बैठकें कर विभिन्न योजनाओं और विभागीय कार्यों की समीक्षा कर रहे हैं। साथ ही, राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) को प्रभावी ढंग से लागू करने, परीक्षा प्रणाली को अधिक सुरक्षित और छात्रों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

