सरगुजा। छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के सीतापुर थाना क्षेत्र में 16 वर्षीय नाबालिग के साथ मारपीट और आपत्तिजनक हरकत करने का गंभीर मामला सामने आया है। परिजनों ने आरोप लगाया है कि तीन युवकों ने नाबालिग को धमकाकर उसका वीडियो बनाया और घटना की जानकारी किसी को देने पर उसे वायरल करने की धमकी दी। शिकायत के बाद पुलिस ने तीनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और पॉक्सो एक्ट की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।
नाबालिग को धमकाने का आरोप
परिजनों की शिकायत के अनुसार, घटना के दौरान तीनों युवकों ने नाबालिग के साथ मारपीट की और उसके साथ आपत्तिजनक व्यवहार किया। आरोप है कि इस दौरान आरोपियों ने उसका वीडियो भी बना लिया। शिकायत में यह भी कहा गया है कि नाबालिग को गंभीर परिणाम भुगतने और घटना की जानकारी किसी को देने पर वीडियो वायरल करने की धमकी दी गई।
घटना के बाद नाबालिग देर शाम अपने घर पहुंचा, लेकिन कथित धमकी और डर के कारण उसने तत्काल परिजनों को घटना की जानकारी नहीं दी। बाद में परिजनों को मामले की जानकारी मिलने पर पुलिस से शिकायत की गई।
पहले छोड़े जाने की बात पर बढ़ा विरोध
मामले में शुरुआती कार्रवाई के दौरान पुलिस ने तीनों आरोपियों को थाने बुलाकर आवश्यक प्रक्रिया पूरी की थी। इसके बाद उन्हें छोड़े जाने की जानकारी सामने आई, जिसके बाद नाबालिग के परिजनों और स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ गई।
परिजनों और स्थानीय लोगों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए आंदोलन और थाना घेराव की चेतावनी दी। इसके बाद थाना प्रभारी प्रदीप जायसवाल ने परिजनों से लिखित आपत्ति देने को कहा।
लिखित आपत्ति के बाद तीनों गिरफ्तार
परिजनों की ओर से लिखित आपत्ति दिए जाने के बाद पुलिस ने मामले में आगे की कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपियों को अंबिकापुर कोर्ट में पेश किया गया।
पुलिस अब मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। नाबालिग के बयान और परिजनों की शिकायत के आधार पर घटनाक्रम की पड़ताल की जा रही है।
मोबाइल और डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच
मामले में कथित तौर पर बनाए गए वीडियो और आरोपियों के मोबाइल फोन जांच का अहम हिस्सा हैं। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि वीडियो वास्तव में बनाया गया था या नहीं और यदि बनाया गया है तो उसे किसी अन्य व्यक्ति के साथ साझा या प्रसारित किया गया है या नहीं।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि घटना में तीनों आरोपियों के अलावा किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका तो नहीं थी। उपलब्ध साक्ष्यों और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल तीनों आरोपी गिरफ्तार हैं और मामले की जांच जारी है। नाबालिग की पहचान से जुड़ी किसी भी जानकारी को सार्वजनिक नहीं किया गया है।

