कबीरधाम। छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले में पशु तस्करी के खिलाफ कुकदूर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने एक पिकअप वाहन में बिना वैध दस्तावेज और उचित व्यवस्था के परिवहन की जा रही 5 भैंसों को बरामद किया है। मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज करते हुए करीब 10 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने की कार्रवाई
जानकारी के अनुसार, कुकदूर पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम अमलीटोला (बदना) से कारीढाप रोड की ओर एक पिकअप वाहन में अवैध तरीके से मवेशियों को ले जाया जा रहा है।
सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर संदिग्ध पिकअप वाहन को रोका और उसकी तलाशी ली। जांच के दौरान वाहन में 5 भैंस मिलीं।
बिना दस्तावेज के क्रूरतापूर्वक परिवहन का आरोप
पुलिस के मुताबिक, मवेशियों को बिना वैध दस्तावेज और पर्याप्त चारा-पानी की व्यवस्था के परिवहन किया जा रहा था। वाहन में मौजूद लोगों से पुलिस ने पूछताछ की, लेकिन वे मवेशियों के परिवहन को लेकर संतोषजनक जवाब नहीं दे सके।
इसके बाद पुलिस ने पिकअप वाहन और पांचों भैंसों को अपने कब्जे में लेकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी।
तीन आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज
पुलिस ने मामले में जोहन सिंह मरावी (35), हीरापन्ना बघेल (38) और दुबेन्द्र धृतलहरे (30) के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। तीनों आरोपियों के खिलाफ थाना कुकदूर में अपराध क्रमांक 52/2026 दर्ज किया गया है।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ पशु कृषक परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 और मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 66/192 के तहत कार्रवाई की है।
10 लाख रुपये की संपत्ति जब्त
कुकदूर पुलिस ने कार्रवाई के दौरान पांचों भैंसों को जब्त किया है, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 1 लाख रुपये बताई गई है। इसके अलावा पशु परिवहन में इस्तेमाल किए जा रहे महिंद्रा बोलेरो पिकअप वाहन को भी जब्त किया गया है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 9 लाख रुपये है।
इस तरह पुलिस ने कुल करीब 10 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की है।
पशु तस्करी के खिलाफ कार्रवाई जारी
कबीरधाम पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि जिले में अवैध गतिविधियों और पशु तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस टीम द्वारा मुखबिर तंत्र को मजबूत कर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि पशु तस्करी, नशे के कारोबार और अन्य अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। साथ ही आम नागरिकों से अपील की गई है कि किसी भी संदिग्ध या अवैध गतिविधि की जानकारी मिलने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें।

