बिलासपुर। गणेश विसर्जन के दौरान बिलासपुर के सिरगिट्टी थाना क्षेत्र में दो गणेश समितियों के बीच विवाद के बाद चाकूबाजी की घटना सामने आई है। बताया जा रहा है कि विसर्जन स्थल से करीब 200 मीटर आगे किसी बात को लेकर दोनों समितियों के लोग आपस में भिड़ गए। देखते ही देखते विवाद मारपीट में बदल गया और इसी दौरान धारदार हथियार से हमला किए जाने की बात सामने आई है। घटना में तीन युवक घायल हुए हैं, जिन्हें इलाज के लिए सिम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
विवाद के बाद धारदार हथियार से हमला
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान दो समितियों के लोग आगे निकलने को लेकर या किसी अन्य बात को लेकर आपस में उलझ गए। कुछ ही देर में विवाद बढ़ गया और दोनों पक्षों के बीच मारपीट शुरू हो गई। इसी दौरान धारदार हथियार से हमला किए जाने की सूचना है।
घटना में राहुल सिंह सिद्धांत ध्रुव समेत तीन युवकों के घायल होने की जानकारी सामने आई है। एक युवक के पेट, छाती, पीठ और हाथ में चोट बताई जा रही है, जबकि दूसरे युवक को भी चोटें आई हैं। तीसरे युवक के हाथ में मामूली चोट की जानकारी है।
घायलों को सिम्स अस्पताल पहुंचाया गया
घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने घायलों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। तीनों घायलों को सिम्स अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज किया जा रहा है। फिलहाल धारदार हथियार से हमला करने वाले व्यक्ति की पहचान स्पष्ट नहीं हो सकी है।
पुलिस घटना से जुड़े लोगों की पहचान करने और विवाद की वास्तविक वजह पता लगाने में जुटी है। घायलों के बयान और मौके से मिले अन्य तथ्यों के आधार पर मामले की जांच की जा रही है।
विसर्जन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
घटना के बाद गणेश विसर्जन जैसे संवेदनशील आयोजन के दौरान पुलिस की सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। खास बात यह है कि विसर्जन को लेकर पुलिस के आला अधिकारियों ने पहले ही थाना प्रभारियों और अन्य अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए थे।
बिलासपुर रेंज के डीआईजी रजनेश सिंह की ओर से भी विसर्जन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अधिकारियों को सतर्क रहने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के निर्देश दिए गए थे।
इसके बावजूद सिरगिट्टी क्षेत्र में दो समितियों के बीच विवाद का चाकूबाजी तक पहुंचना पुलिस की मौके पर तैनाती और निगरानी व्यवस्था की समीक्षा का विषय बन गया है। हालांकि घटना के लिए जिम्मेदार कौन है, हमला किसने किया और घटना के समय पुलिस की मौजूदगी कितनी थी, इन सवालों का जवाब जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।
फिलहाल पुलिस घायलों के बयान दर्ज करने के साथ ही घटना से जुड़े अन्य लोगों से पूछताछ कर रही है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के आधार पर की जाएगी।

